द्वारकाधीश मंदिर में 8 नवंबर को मनेगी दीपावली, 9 नवंबर को गोवर्धन पूजा और अन्नकूट महोत्सव

राजसमंद
पुष्टिमार्गीय तृतीय पीठ कांकरोली के द्वारकाधीश मंदिर में पीठाधीश्वर गोस्वामी वागीश कुमार महाराज के सानिध्य में 8 नवंबर 2026, रविवार को चतुर्दशी पर दीपावली महोत्सव तथा 9 नवंबर, सोमवार को अमावस्या पर गोवर्धन पूजा और सायंकाल अन्नकूट महोत्सव मनाया जाएगा। अन्नकूट की तैयारियों के लिए 26 अक्टूबर को महाराज की आज्ञा से भट्टी पूजन कर बालभोगियां, मुखिया, सहायक मुखिया और खासा भंडारी ने सेवा सामग्री तैयार करने का कार्य शुरू किया। मंदिर मंडल ने वैष्णवों के आवास, सुरक्षा और सुविधाजनक दर्शन की व्यवस्थाएं पूरी कर ली हैं। आवास संबंधी पूछताछ के लिए व्रजप्रभा कॉटेज में कक्ष रहेगा। यात्री वाहनों की पार्किंग बांगड़ में होगी। आपात सेवा के लिए राजकीय एंबुलेंस और स्टाफ तैनात रहेगा। सुरक्षा कारणों से दीपावली पर मंदिर परिसर में मोबाइल फोन और कैमरा ले जाना प्रतिबंधित रहेगा। जेबकतरी, छेड़खानी, जेवरात चोरी और भगदड़ जैसी घटनाएं रोकने के लिए पुलिस का सहयोग लिया गया है। अन्नकूट पर खेवा पद्धति से दर्शन होंगे। मनोरथी, वीआईपी और प्रशासनिक अधिकारियों के लिए अलग व्यवस्था रहेगी।
मंदिर में सजावट और चित्रकारीदीपावली को लेकर मंदिर में सफाई, रंगाई-पुताई, पिछवाई और सामग्री सिद्ध करने का कार्य किया जा रहा है। मंदिर रंग-बिरंगी रोशनी से सजाया जा रहा है। अहमदाबाद के चित्रकार बाबूलाल शर्मा, लोकेन्द्र शर्मा, कुणाल शर्मा तथा कांकरोली-बिजोलिया के रामप्रसाद शर्मा ने जगमोहन के भीतर-बाहर हाथी, ब्रह्मा-विष्णु-महेश के विमानों में प्रभु दर्शन, सिंह पोल, बेलबूटे, शंख, नाचते मोर, ऐरावत हाथी, द्वारपाल सिपाही, आरती करती गोपियां, शेर, घोड़े और गायों की कलाकृतियां बनाई हैं। द्वारकेश गौशाला में भी सजावट की तैयारियां जारी हैं। पीठाधीश्वर गोस्वामी वागीश कुमार महाराज, युवराज वैदान्तकुमार और सिद्धान्तकुमार के आगमन से पहले तैयारियां पूरी की जाएंगी।
कार्तिक कृष्ण पक्ष के प्रमुख उत्सव30 अक्टूबर को गिरिधर (भवाईवाले) उत्सव, 1 नवंबर को प्रथम नौमहल्ला और बालकृष्णलालजी का गादी उत्सव, 2 नवंबर को द्वितीय तथा 3 नवंबर को तृतीय नौमहल्ला दर्शन होंगे। 4 नवंबर को एकादशी का श्रृंगार, 5 नवंबर को रमा एकादशी, दीपावली की बधाई और गोवत्स द्वादशी, 6 नवंबर को त्रयोदशी श्रृंगार, 7 नवंबर को धनतेरस एवं चतुर्दशी श्रृंगार और 8 नवंबर को रूप चतुर्दशी, अभ्यंग स्नान, लक्ष्मी पूजन, कानजगाई तथा गोकर्ण जागरण होंगे। 9 नवंबर को सोमवती अमावस्या पर गोवर्धन पूजा और अन्नकूटोत्सव मनाया जाएगा।



